ऐतिहासिक डोला-पालकी आंदोलन के द्वारा समाज में अलख जगाने का काम किया कर्मवीर जयानंद भारती ने: महाराज

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समाज सुधारक, उत्तराखंड रत्न कर्मवीर जयानंद भारती की 146वीं जयंती पर दो दिवसीय राजकीय मेले का शुभारंभ

बीरोंखाल (पौड़ी)। स्वतंत्रता सेनानी और समाज सुधारक कर्मवीर जयानंद भारती ने ब्रिटिश अधिकारी (संयुक्त प्रांत के गवर्नर) लॉर्ड मैलकम हेली (मैलकम हैली) के सामने तिरंगा फहराया था और ‘गो बैक मैलकम हेली’ के नारे लगाए थे। उस समय मैलकम हैली ने कहा था कि यदि वह पिस्तौल निकाल कर मुझे मार देते तो मैं उनका कुछ नहीं बिगड़ा सकता था।

उक्त बात प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज ने स्वतंत्रता सेनानी और समाज सुधारक, उत्तराखंड रत्न कर्मवीर जयानंद भारती की 146वीं जयंती के अवसर पर शनिवार को विकासखण्ड बीरोंखाल स्थित राजकीय इंटर कॉलेज परिसर, स्यूंसी में आयोजित दो दिवसीय राजकीय मेले के शुभारंभ अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि अपने संबोधन में कही। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड रत्न जयानंद भारती का जीवन त्याग संघर्ष एस सामाजिक न्याय और राष्ट्रभक्ति का अद्भुत उदाहरण है। उन्होंने ऐसे समय में समाज को नई दिशा देने का कार्य किया जब देश अंग्रेजी शासन की बेड़ियों में जकड़ा हुआ था और समाज अनेक कुरीतियों छुआछूत तथा भेदभाव से ग्रस्त था।

कैबिनेट मंत्री और चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज ने स्यूंसी में 17-18 अक्टूबर तक आयोजित दो दिवसीय राजकीय मेले का शुभारंभ करते हुए कहा जयानन्द भारती का स्वतंत्रता आंदोलन के साथ-साथ सबसे महत्वपूर्ण योगदान ऐतिहासिक डोला-पालकी आंदोलन में रहा। उस समय समाज के कुछ वर्गों को विवाह जैसे महत्वपूर्ण अवसरों पर डोला-पालकी के उपयोग तक के अधिकार से वंचित रखा जाता था। जयानन्द भारती ने इस अन्यायपूर्ण व्यवस्था का विरोध किया और सामाजिक समानता के लिए संघर्ष किया। उनका स्पष्ट संदेश था कि समाज में किसी भी व्यक्ति के साथ जाति, वर्ग अथवा सामाजिक स्थिति के आधार पर भेदभाव नहीं होना चाहिए। प्रत्येक व्यक्ति को सम्मानपूर्वक जीवन जीने का समान अधिकार प्राप्त होना चाहिए।

महाराज ने कहा कि उत्तराखण्ड सरकार प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, ऐतिहासिक धरोहरों और महान विभूतियों की स्मृतियों को संरक्षित करने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी यह जिम्मेदारी है कि हम अपने स्वतंत्रता सेनानियों और समाज सुधारकों के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुँचाएँ, ताकि युवा उनसे प्रेरणा लेकर राष्ट्र और समाज के विकास में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकें। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड रत्न, कर्मवीर जयानंद भारती के जीर्ण-क्षीर्ण भवन के जीर्णोद्धार के लिए उन्होंने प्रदेश के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से अनुरोध किया है जिस पर उन्होंने अपनी सहमति भी दी है।

इस अवसर पर पौड़ी विधायक राजकुमार पोरी, शक्ति लाल शाह, जिला पंचायत सदस्य राजनी रावत, भाजपा प्रदेश कार्य समिति सदस्य सुयश रावत, मण्डल अध्यक्ष ओमपाल बिष्ट, जिला महामंत्री महिपाल नेगी, पोखड़ा मंडल अध्यक्ष शैलेश दर्शन, विधायक प्रतिनिधि दर्शन सिंह रिंगोड़ा, बीकेटीसी सदस्य सुश्री नीलम, पूर्व प्रमुख प्रीति देवी, आर्य समाज के राष्ट्रीय महामंत्री विनय आर्य, ब्लॉक प्रमुख नेहा नेगी, जेष्ठ प्रमुख कुलदीप नेगी, सोनिया वालिया और एसडीएम भी उपस्थित थे।

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